देहरादून। राजधानी के डालनवाला क्षेत्र स्थित तिब्बती मार्केट के पास बुधवार सुबह दिनदहाड़े एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घायल अवस्था में उसे दून अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान 40 वर्षीय अर्जुन शर्मा के रूप में हुई है।
अर्जुन शर्मा जीएमएस रोड स्थित अमरदीप गैस एजेंसी के मालिक थे और आईटीबीपी क्षेत्र के निवासी थे। पुलिस के अनुसार, वह रोज की तरह परेड ग्राउंड में टेनिस खेलकर घर लौट रहे थे, तभी स्कूटी सवार दो युवकों ने उन पर फायरिंग कर दी और मौके से फरार हो गए।
गोली की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने तत्काल घायल को दून अस्पताल पहुंचाया, लेकिन अत्यधिक रक्तस्राव के कारण उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। घटना के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया।
सूचना मिलने पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य जुटाए और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए शहरभर में नाकेबंदी कर चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में पारिवारिक प्रॉपर्टी विवाद का मामला सामने आया है। बताया गया कि मृतक और उनके भाई को उनकी मां ने संपत्ति से बेदखल किया था और मां द्वारा उच्च न्यायालय से सुरक्षा भी ली गई थी।
एसपी सिटी ने बताया कि घटना को अंजाम देने वाले दोनों आरोपी स्कूटी से आए थे। उनकी पहचान और गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग पुलिस टीमें गठित की गई हैं।
राजधानी में दो सप्ताह के अंदर 4 मर्डर
तिब्बती मार्केट में 40 साल के शख्स की हत्या के साथ देहरादून जिले में दो हफ्ते के अंदर ये चौथा मर्डर है। इनमें तीन मर्डर महिलाओं के हुए हैं। 29 जनवरी को विकासनगर इलाके में छात्रा की हत्या हुई थी। इसके बाद 31 जनवरी को ऋषिकेश में महिला की गोली मारकर हत्या की गई थी। फिर 2 फरवरी को देहरादन के मच्छी बाजार में गुंजन नाम की युवती की हत्या कर दी गई थी। लगातार हो रही वारदातों से शहर की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
*14 दिन के अंदर हुए 4 हत्याकांड*
29 जनवरी को विकासनगर में 18 साल की छात्रा की हत्या
31 जनवरी को ऋषिकेश में महिला की गोली मारकर हत्या
02 फरवरी को देहरादून में युवती की गला रेतकर हत्या
11 फरवरी को देहरादून में 40 साल के शख्स की गोली मारकर हत्या
” अपराध नियंत्रण में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि किसी कर्मचारी की भूमिका संदिग्ध पाई गई तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि बीते दिनों अपराध की घटनाओं पर नियंत्रण के लिए पुलिस को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा।”
राजीव स्वरूप,
आईजी गढ़वाल, देहरादून